छत्तीसगढ़

छत्तीसगढ़: जेल से चल रहा था नक्सलियों का शहरी नेटवर्क, जेल में बंद सरगना लड़ चुका है लोकसभा चुनाव, उसका बेटा और ढाबा संचालक गिरफ्तार हुए तो हुआ बड़ा खुलासा

पुलिस ने ढाबा संचालक रविंद्र की निशानदेही पर जिलेटिन एक्सप्लोसिव, वायर, डेटोनेटर बरामद किया है। - Dainik Bhaskar

बलरामपुर। छत्तीसगढ़ के बलरामपुर जिले में पुलिस ने नक्सलियों के शहरी नेटवर्क को ध्वस्त कर दिया है। दरअसल, 6 दिन पहले सूचना के बाद पुलिस ने बघिमा के एक ढाबा से नक्सली अनिल यादव को गिरफ्तार किया था। इस दौरान वहां से हथियार और शराब बरामद हुई थी। इसके बाद पुलिस ढाबा संचालक रविंद्र शर्मा के नक्सलियों के नेटवर्क से जुड़े होने की जांच कर रही थी। जांच में रविंद्र के नक्सलियों के शहरी नेटवर्क से जुड़े होने की बात सामने आई। उसे सोमवार को हिरासत में लेकर पूछताछ की गई। उसकी निशानदेही पर पुलिस ने जिलेटिन, वायर, डेटोनेटर बरामद किया गया। उसे पुलिस रिमांड पर लेकर डिटेल पूछताछ कर रही है।

गिरफ्तार किया गया ढाबा संचालक रविंद्र।

गिरफ्तार किया गया ढाबा संचालक रविंद्र।

बरियों पुलिस को 25 मई को सूचना मिली थी आगजनी मामले में फरार चल रहा वारंटी नक्सली अनिल यादव बघिमा मुख्य मार्ग पर रविंद्र शर्मा के ढाबे में पहुंचा है। इसके बाद पुलिस ने मौके पर दबिश देकर अनिल को गिरफ्तार किया था।

जेल में बंद रंजन है लीडर

पूछताछ में बड़ा खुलासा ये हुआ कि रविंद्र, नक्सली अनिल के पिता रंजन यादव के इशारे पर ही शहरी नेटवर्क संचालित कर रहा है। रविंद्र नक्सलियों के शहरी नेटवर्क का मुख्य सूत्रधार है। रंजन जेल से रविंद्र को नक्सलियों को सामान, शराब, विस्फोटक पहुंचाने का आदेश देता है। यह सामान नक्सली उसके ढाबे से ले जाते हैं। पिछले दिनों रविन्द्र ने दवाएं और मेडिकल इस्तेमाल की चीजें भी नक्सलियों को दी है। उसके साथ कुछ और लोग भी इस काम में लगे हुए हैं। पुलिस इनकी जानकारी ले रही है। नक्सलियों की मदद के बदले इन लोगों को पैसा दिया जाता है।पुलिस को रविंद्र से पूछताछ में और भी जानकारी मिलने की संभावना है। गिरफ्तार किया गया रविंद्र भी झारखंड का रहने वाला है।

2019 में सामरी क्षेत्र में आगजनी मामले में फरार चल रहे नक्सली अनिल यादव 25 मई को गिरफ्तार किया गया था।

2019 में सामरी क्षेत्र में आगजनी मामले में फरार चल रहे नक्सली अनिल यादव 25 मई को गिरफ्तार किया गया था।

रंजन यादव चुनाव भी लड़ चुका है

अनिल 2019 में सामरी थाना क्षेत्र में वाहनों में हुई आगजनी मामले में फरार चल रहा था। जिसे 25 मई को रविंद्र के ढाबे से गिरफ्तार किया गया था। नक्सली अनिल झारखंड का रहने वाला है और उसका पिता भी नक्सली था जो अभी रामानुजगंज जेल में बंद है। अनिल के पिता रंजन यादव के बारे में चौंकाने वाली बात भी सामने आई है। पता चला है कि रंजन झारखंड से एक बार लोकसभा चुनाव और 2 बार विधानसभा का भी चुनाव लड़ चुका है। उसके खिलाफ छत्तीसगढ़ और झारखंड में लूट, आगजनी के कई मामले दर्ज हैं।